पीएम मोदी की अपील पर भड़के राहुल गांधी
लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया संबोधन पर हमला बोलते हुए कहा कि जनता को त्याग और बचत की सलाह देना सरकार की विफलता को दर्शाता है।
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर बयान जारी कर कहा, मोदी जी ने कल जनता से त्याग मांगे सोना मत खरीदो, विदेश मत जाओ, पेट्रोल कम जलाओ, खाद और खाने का तेल कम करो, मेट्रो में चलो और घर से काम करो। ये उपदेश नहीं, बल्कि सरकार की नाकामी के सबूत हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 12 वर्षों में देश की अर्थव्यवस्था और आम लोगों की स्थिति ऐसी हो गई है कि अब सरकार जनता को यह बताने लगी है कि क्या खरीदना है और क्या नहीं। राहुल गांधी ने कहा कि हर बार जिम्मेदारी जनता पर डाल दी जाती है ताकि सरकार खुद जवाबदेही से बच सके। कांग्रेस नेता ने प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा, देश चलाना अब प्रधानमंत्री के बस की बात नहीं है।
दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को संबोधित करते हुए ऊर्जा बचत, आत्मनिर्भरता और जिम्मेदार नागरिक व्यवहार पर जोर दिया था। प्रधानमंत्री ने कहा था कि देश के लिए लड़ना ही देशभक्ति नहीं है, बल्कि देश के लिए जीना और अपने कर्तव्यों का पालन करना भी देशभक्ति है। उन्होंने लोगों से पेट्रोल और डीजल का कम इस्तेमाल करने, मेट्रो जैसी सार्वजनिक परिवहन सेवाओं का अधिक उपयोग करने, इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने और वर्क फ्रॉम होम, ऑनलाइन कॉन्फ्रेंसिंग तथा वर्चुअल मीटिंग्स को फिर से अपनाने की अपील की थी। इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने लोगों से सोना खरीदने से बचने का भी आग्रह किया।
प्रधानमंत्री के इसी बयान को लेकर अब कांग्रेस और भाजपा के बीच सियासी टकराव तेज हो गया है।