सरकारी कर्मियों का SBI के साथ विशेष समझौता, मिलेगा ₹1.60 करोड़ का मुफ्त बीमा कवर
शासकीय कर्मचारियों के लिए नववर्ष एक बड़ी खुशखबरी लेकर आया है। छत्तीसगढ़ राज्य शासन के वित्त विभाग ने भारतीय स्टेट बैंक के साथ स्टेट गवर्नमेंट सैलरी पैकेज के तहत एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं, जो 4 जनवरी 2026 से प्रभावी हो गया है। इस समझौते के तहत राज्य के नियमित अधिकारियों और कर्मचारियों को बैंकिंग सुविधाओं के साथ-साथ करोड़ों रुपये का बीमा कवर पूरी तरह निरूशुल्क प्रदान किया जाएगा।
इस महत्वाकांक्षी योजना का लाभ सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक प्रक्रिया शुरू किया गया है। वरिष्ठ कोषालय अधिकारी अनिल कुमार पाठक ने इस संबंध में सभी आहरण एवं संवितरण अधिकारियों से आग्रह किया है कि शासन द्वारा कर्मचारी हित में उठाए गए इस महत्वपूर्ण कदम की जानकारी अपने अधीनस्थ समस्त अधिकारियों और कर्मचारियों तक अनिवार्य रूप से पहुंचाई जाए, ताकि कोई भी पात्र कर्मचारी इन सुविधाओं से वंचित न रहे।
उक्त समझौते के मुताबिक इस नई योजना का सबसे आकर्षक पहलू इसका व्यापक बीमा सुरक्षा कवच है। समझौते के मुताबिक कर्मचारियों को एक करोड़ 60 लाख रुपए का हवाई दुर्घटना बीमा और एक करोड़ रूपए का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा बिना किसी अतिरिक्त प्रीमियम के मिलेगा। इसके अलावा 10 लाख रुपये का ग्रुप टर्म लाइफ इंश्योरेंस भी इस पैकेज में शामिल है। सुरक्षा के दायरे को बढ़ाते हुए पूर्ण स्थायी विकलांगता की स्थिति में एक करोड़ रुपए और स्थायी आंशिक विकलांगता पर 80 लाख रुपए तक का कवर सुनिश्चित किया गया है। बैंकिंग सेवाओं को और अधिक सुविधाजनक बनाते हुए एसबीआई ने कर्मचारियों को कई विशेष छूट देने का फैसला किया है। अब कर्मचारियों को अपने वेतन खाते में न्यूनतम बैलेंस रखने की कोई बाध्यता नहीं होगी और वे एसबीआई समेत अन्य बैंकों के एटीएम का नि शुल्क उपयोग कर सकेंगे। लॉकर की सुविधाओं पर भी भारी राहत दी गई है, जिसमें डायमंड और प्लेटिनम जैसे उच्च श्रेणी के खातों पर वार्षिक लॉकर किराए में 50 प्रतिशत तक की छूट मिलेगी। साथ ही एसबीआई रिश्ते पहल के तहत परिवार के चार सदस्यों के लिए विशेष बचत खाते खोलने की सुविधा भी दी जाएगी।
कर्मचारियों के सपनों को पूरा करने के लिए ऋण सुविधाओं में भी विशेष प्रावधान किए गए हैं। होम लोन, कार लोन और पर्सनल लोन पर प्रोसेसिंग फीस में 50 प्रतिशत से लेकर शत-प्रतिशत तक की छूट प्रदान की जाएगी। वित्त विभाग ने सभी विभागों और कार्यालय प्रमुखों से अनुरोध किया है कि वे अपने अधीनस्थ कर्मचारियों को इन सुविधाओं से अवगत करवाकर लाभान्वित होने प्रोत्साहित करें।